साहित्य की मृत्यु
साहित्य (Sahitya) की मृत्यु । – Basudeba Mishra भवतु इति – यह ऐसा हो – इसप्रकार के चित्तवृत्ति को इच्छा कहते हैं । वह स्वीया – परकीया भेद से दो प्रकार का होती है । मैं अथवा मेरा ऐसा हो – इसप्रकार के आत्मसम्बन्धी इच्छा स्वीया है । अन्य समस्त परसम्बन्धी इच्छा परकीया है । […]